Showing posts with label tax returns. Show all posts
Showing posts with label tax returns. Show all posts

Thursday, 19 July 2018

इस शेयर पर करें भरोसा, देगा जोरदार रिटर्न

टॉप पिक के तौर पर मुथूट कैपिटल का शेयर चुना है और इसमें 6-9 महीने की अवधि के नजरिए से खरीदारी की सलाह दी है। उनका मानना है कि 6-9 महीने की अवधि में मुथूट कैपिटल के शेयर में 1,250 रुपये तक का भाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल मुथूट कैपिटल का शेयर 1,015 रुपये के पास कारोबार कर रहा है।



पिछले 2 साल की अवधि में मुथूट कैपिटल का शेयर मल्टीबैगर साबित हुआ है। मुथूट कैपिटल की सब्सिडियरी मुथूट माइक्रोफिन का आईपीओ आने वाला है। मुथूट माइक्रोफिन का आईपीओ करीब 1,000 करोड़ रुपये का रहने का अनुमान है। मुथूट माइक्रोफिन के आईपीओ से मुथूट कैपिटल के वैल्युएशन में काफी सुधार की संभावना है। वहीं मुथूट कैपिटल ने पहली तिमाही के अच्छे नतीजे पेश किए हैं। कंपनी की पहली तिमाही में आय में 56.2 फीसदी का उछाल देखने को मिला है। साथ ही मुथूट कैपिटल का वैल्युएशन अपने कंपीटिटर कंपनियों के मुकाबले काफी आकर्षक नजर आ रहा है।

अधिक जानकारी के लिए कृपया हमसे संपर्क करें 8817002233 or whatsapp no. 8602780449  http://www.starindiaresearch.com/freetrail.php

Friday, 16 February 2018

टैक्स रिफंड में देरी से टैक्सपेयर परेशान

वक्त निकलने से पहले इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने के बावजूद भी टैक्सपेयर्स के रिफंड का इंतजार लंबा होता जा रहा है। लाखों लोग जहां वक्त पर रिफंड नहीं मिलने से परेशान हैं वहीं इनकम टैक्स विभाग का हेल्पलाइन नंबर भी सही जानकारी देने में फेल दिख रहा है।


नोएडा के रहने वाले मनमोहन भाटिया ने अपनी और विदेश में रहने वाले अपने बेटे की इनकम टैक्स रिटर्न पिछले साल मई में भर दी थी। भाटिया आर्मी से रिटायर हो चुके हैं और पेंशन और थोड़ी बहुत इंवेस्टमेंट पर जो टैक्स कटता है उसका रिफंड क्लेम करते हैं। मई में रिटर्न फाइल करने के बाद कुछ दिन पहले ही उनका कुछ रिफंड वापस आया। लेकिन एनआरआई बेटे के रिफंड को लेकर इनकी मशक्कत जारी है।

मनमोहन भाटिया और इनके बेटे की तरह लाखों लोग हैं जो अपने टैक्स रिफंड का इंतजार कर रहे हैं। इनकम टैक्स से जुड़े जानकारों के मुताबिक इस बार 25 हजार रुपये से ऊपर रिफंड वाले लोगों को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है और इसमें ज्यादातर वो लोग शामिल हैं जिन्होंने 31 जुलाई 2017 से पहले रिटर्न फाइल कर दिया था। टैक्स रिफंड में देरी की बड़ी वजह वित्त मंत्रालय की तरफ से टैक्स कलेक्शन में संतुलन बिठाना हो सकता है।

आकड़ों के मुताबिक सरकार का वित्त वर्ष 2017-18 के लिए डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन टारगेट करीब 9.8 लाख करोड़ रुपये है जिसमें से अभी तक 70 फीसदी यानी 6.89 लाख करोड़ रुपये कलेक्शन हो चुका है। वहीं सरकार अभी तक 1.22 लाख करोड़ रुपये का रिफंड दे चुकी है। हालांकि सरकार ने 31 मार्च तक रिफंड की प्रकिया पूरी करने का लक्ष्य रखा है। जाहिर है अभी आपको थोड़ा इंतजार और करना पड़ सकता है।

अधिक जानकारी के लिए कृपया हमसे संपर्क करें 8817002233 or whatsapp no. 8602780449  http://www.starindiaresearch.com/freetrail.php